मोहल्ला सोत में लूटपाट के बाद हुई महिला की हत्या की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया। हत्या के आरोप में एक महिला को गिरफ्तार किया है। आरोपी महिला कर्ज तले दबी थी और उसने पैसों की जरूरत पूरा करने के लिए ब्याज पर पैसे देने वाली महिला रेखा को मौत के घाट उतार दिया। आरोपी महिला के पास से लूटी गई ज्वैलरी और नकदी पुलिस ने बरामद की है।
सिविल लाइन कोतवाली मेंएस एस पी प्रवेंद्र डोभाल ने पत्रकारों से रूबरू होते हुए बताया कि 25 नवंबर को सिविल लाइंस कोतवाली अंतर्गत मोहल्ला सोत में 55 वर्षीय रेखा का शव घर के अंदर लहुलुहान स्थिति में मिला था। जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस मामले की जांच में जुटी थी इसके साथ फॉरेंसिक टीम ने भी मौके पर जाकर सबूत जुटाए थे। वहीं जब जांच शुरू हुई तो पुलिस ने कई सीसीटीवी कैमरे आदि खंगाले जिसमें एक महिला संदिग्ध प्रतीत हुई। पुलिस ने उक्त महिला को पूछताछ के लिए बुलाया तो उसने लूटपाट कर हत्या की बात को कबूल कर लिया। बताया कि मृतक महिला ब्याज पर पैसे देने का काम करती थी और वह अपने किसी परिचित के माध्यम से ब्याज पर पैसे लेने उसके पास गई थी जिसके बाद उसकी जान पहचान हो गई और आना-जाना शुरू हो गया। महिला ने बताया कि वह महिलाओं को लोन दिलाने का काम करती है जिसके बाद उसे कमीशन मिलता है। साथ ही उसने बताया कि उसने खुद भी चार बैंकों से लोन ले रखा है। और एक महिला के नाम की औरत की आईडी से भी एक लाख रुपए का लोन लेकर अपनी परिचित को दिया था । लेकिन उसे परिचित महिला की मौत होने के बाद उक्त किस्त भी उसके द्वारा भरनी पड़ रही थी और लोन के कारण वह कर्ज तले दब गई। उसने बताया उसे पता था कि मृतका रेखा दिन में अकेली रहती है और चलने फिरने में भी दिक्कत है और उसके पास मोटा पैसा है तो घटना वाले दिन रुबीना मृतका के घर पर ब्याज का पैसा लेने के बहाने पहुंची और ब्याज के पैसे लेन देन की बातों में उलझा कर मौका देखकर उसके सर पर पाइप रिंच से लगातार तीन-चार वार किए और गले में टाइट चुन्नी बांधकर घटना को भ्रमित करने का प्रयास भी किया। वारदात को अंजाम देने के बाद वह घर से ज्वेलरी और नकदी लेकर फरार हो गई थी। पुलिस ने महिला को गिरफ्तार करने के साथ उसके पास से लूटी गई ज्वेलरी और नगदी बरामद की है। पुलिस टीम में सीओ नरेंद्र पंत, कोतवाली प्रभारी नरेंद्र बिष्ट, उप निरीक्षक संजय पूनिया, वरिष्ठ उपनिरीक्षक धर्मेंद्र राठी, उपनिरीक्षक अंशु चौधरी, विपिन कुमार,मंसूर अली, पुष्कर सिंह, हेड कांस्टेबल मनमोहन सिंह, नूर अहमद, परवीन, विपिन, बलविंदर,चमन, इसरार, कांस्टेबल सुरेश महिपाल, राहुल,वसीम और ड्राइवर मंगत शामिल रहे




